23 अक्टूबर 2024

लला तुम फिरऊ न माने

कॉलेज टाइम की एक लय याद आ गई...

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लला के बब्बा बोले

होए

लला की दादी बोली

होए

लला की अम्मा बोली

होए

लला के बाप बोले

होए

लला बवाली से बचियो

होए

लला तुम रगड़े जैहो

होए

लला तुम फिरऊ न माने

होए

लला तुम अपनी पे अड़ गए

होए

लला तुमने अत्तई धर लई

होए

लला फिर बवाली न मानो

होए

लला वो अपनी पे आ गओ

होए

लला तुम गाली खा गए

होए

लला तुमाई कनपटी सिक गई

होए

लला तुम रगड़ के धर दए

होए

लला तुम चीं न कर पाए

होए

लला तुमाई ऐसी-तैसी

होए

लला अब जूते खैहो

होए

लला तुम अभऊँ मान जाओ

होए

लला तुम हार गए

होएएएएए

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अब रगड़ाई रोज के रोज


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