21 December 2009

आत्मविश्वास और साहस की पहचान है ये खिलाड़ी..शाबास

अभी पिछले दिन ताऊजी के खुल्ला खेल फर्रुखावादी को देख रहे थे। समीर भाई के आयोजन में खेले जाने वाले खेल में एक चित्र देखा जिसको एक दूसरे चित्र ने ढाँक रखा था। सवाल जिस चित्र के बारे में पूछा गया था उस चित्र का जितना हिस्सा दिख रहा था उससे साफ जाहिर था कि ये किसी खिलाड़ी का चित्र है और ऐसा खिलाड़ी जो पैर से विकलांग होने के बाद भी लम्बी कूद में भाग ले रहा है। इसके बाद भी कृत्रिम पैर का हिस्सा जिस तरह से दिख रहा था उससे एक प्रकार की शंका भी उत्पन्न हो रही थी। कभी भ्रम होता कि कहीं ऐसा तो नहीं कि लम्बी कूद में भाग लेने वाले खिलाड़ी की आड़ में कुछ और दिख रहा हो?





वैसे शायद आम चित्र होता या आम सवाल होता तो इसके जवाब के लिए हमें कोई कौतूहल न होता किन्तु चित्र में छिपी महिला खिलाड़ी को देखकर उसके जवाब को बिना देखे नहीं रहा गया। (कृपया महिला शब्द पर ध्यान न दें, हमारा कौतूहल उस खिलाड़ी को लेकर था जो पैर से विकलांग-जैसा सोच रखा था-होने के बाद भी लम्बी कूद में हिस्सा ले रहा था।)

जवाब देखा तो आश्चर्य का ठिकाना नहीं रहा। महिला खिलाड़ी पैर से विकलांग थी और इसके बाद भी लम्बी कूद में हिस्सा ले रही थी। चित्र के जवाब के साथ उस खिलाड़ी का पूरा परिचय बताने सम्बन्धी लिंक भी दी गई थी। समीर जी को उनके सहयोगी डाक्टर झटका सहित इस कार्य के लिए बधाई।



उस खिलाड़ी का नाम है Annette Roozen, जिसका जन्म 11 मार्च 1976 को हुआ था। लगभग सोलह वर्ष की होने पर उसका एक पैर हड्डी के कैंसर के कारण घुटने के ऊपर से काटना पड़ा। बाद में कृत्रिम पैर के साथ उन्होंने एथलैटिक्स की तैयारी शुरू की और परिणाम आपके सामने है। (लिंक पर क्लिक कर विस्तार से पढ़ें)




ज्यादा कुछ न कहते हुए उनके आत्मविश्वास और साहस को नमन। आप भी साथ में दी गई लिंक के द्वारा उनके बारे में देख-पढ़ सकते हैं। (एक लिंक यहाँ भी है, इसे भी देख सकते हैं)

साथ में दिया गया वीडियो उनके वीजिंग में हुई प्रतियोगिता में भाग लेने का है। (यह लिंक वीडियो के लिए है)

कृपया देखें अवश्य। ऐसे लोगों को देखकर प्रेरणा मिलती है।


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चित्र गूगल छवियों से साभार लिए हैं। इसके अलावा अन्य सभी लिंक का उपयोग करने का भी आभार व्यक्त करते हैं।

2 comments:

Udan Tashtari said...

Hum to inke housle aur sahas se prabhavit the hi..aapne ise blog par laa kar bahut uttam karya kiya.

Bahur aabhaar.




(Roman me likhne ke liye mafi, computer ne virus hamle me dum thod diya hai, do boond aansu usi ke naam)

निर्मला कपिला said...

बहुत सुन्दर प्रेरनादायक पोस्ट है धन्यवाद्