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17 जुलाई 2022

इमोजी का रंगीन संसार

कम्प्यूटर, मोबाइल का उपयोग करने वालों के लिए इमोजी शब्द नया नहीं है. आज इमोजी का उपयोग शब्दों से अधिक होने लगा है. इमोजी के होने से आपसी संदेशों के आदान-प्रदान में शब्दों के विस्तार से इतर एक चिन्ह या चित्र के द्वारा व्यक्ति अपनी भावनाओं को व्यक्त करने लगा है. इमोजी बहुत पुरानी कहावत गागर में सागर भरना को पूरी तरह से चरितार्थ करता है. यही कारण है कि आज बच्चों से लेकर वृद्ध तक इसका खूब उपयोग करते हैं. इमोजी का आशय स्मार्ट मोबाइल पर विस्तार में कुछ भी लिखने के स्थान पर एक संकेतक द्वारा अपनी सारी भावनाओं को उजागर कर देना है. इसकी बढ़ती लोकप्रियता और उपयोगिता को देखते हुए 17 जुलाई को दुनिया भर में विश्व इमोजी दिवस मनाया जाता है.

 

इमोजी जापानी भाषा का शब्द है. यह दो शब्दों और मोजी से मिलकर बना है. यहाँ इ का अर्थ चित्र से है और मोजी का अर्थ पात्र से है. इमोजी के जन्म की कहानी भी मजेदार है. ये सन 1998 की घटना है जबकि शिगेताका करीता नामक एक जापानी इंजीनियर वहाँ की ही एक टेलीकॉम कंपनी में नौकरी करता था. इस कंपनी की ईमेल के द्वारा एक समय में अधिकतम 250 शब्दों का ही मेल भेजा जा सकता था. कई बार इतने कम शब्दों में अपनी बात को कह पाना, भावनाओं को व्यक्त कर पाना मुश्किल हो जाता था. ऐसे में शिगेतागा के मन में आइडिया आया कि चित्र के द्वारा भावनाओं को, बातों को व्यक्त किया जाये. यह विचार उनको उस समय की कॉमिक बुक के चित्रों और मौसम विभाग के ग्राफ को देखकर आया. यह विचार आते ही उन्होंने वर्ष 1999 में बिंदु रूप में मोबाइल के लिए 176 छोटे-छोटे इमोजी तैयार किए. यह लोगों को बहुत पसंद आए और कुछ ही समय में इनकी ख्याति विश्व भर में फैल गई. इस तरह पहला इमोजी सन 1999 में सामने आया. कालांतर में सन 2010 में यूनिकोड ने इमोजी को मंजूरी दी. इसके बाद सन 2014 में गूगल, माइक्रोसॉफ्ट, फेसबुक और ट्विटर ने अपने दर्शकों के मनोरंजन के लिए इमोजी के अपने सेट बनाए. 

 



इमोजी की बढ़ती लोकप्रियता देखकर वर्ष 2014 से विश्व इमोजी दिवस (World Emoji Day) मनाया जाने लगा. इस दिन को मनाये जाने की शुरुआत जेरेमी बर्ग ने की. वे इमोजीपिडिया के फाउंडर हैं.  17 जुलाई 2014 को पहली बार इमोजी दिवस मनाये जाने का लोगों ने उत्साह के साथ स्वागत किया. इमोजी के आरंभिक दिनों में इसका उपयोग करने वाले बहुत कम इमोजी का उपयोग किया करते थे. शुरूआती दिनों में लोग केवल 95 इमोजी का इस्तेमाल करते थे. बाद में जैसे-जैसे इसके उपयोग से लोगों को सहजता हुई, भावनाओं का इजहार करना आसान हुआ तो इसका उपयोग भी बढ़ने लगा. वर्ष 2021 के अंत तक इमोजी के उपयोग की संख्या लगभग साढ़े तीन हजार के आसपास पहुँच गई.

 

इमोजी ट्रैकर के अनुसार सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर सबसे ज्यादा इस्तेमाल किया जाने वाला इमोजी फेस विथ टियर्स ऑफ जॉय है. भारत में इस इमोजी के साथ-साथ ब्लोइंग अ किस इमोजी का उपयोग लोग सबसे अधिक करते हैं. वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम के ब्लॉग के अनुसार वर्ष 2021 में सोशल मीडिया के विभिन्न प्लेटफॉर्म पर 50 लाख से ज्यादा इमोजी का इस्तेमाल किया गया. वर्तमान में इमोजी डिजिटल संचार का एक बहुत बड़ा माध्यम हैं जो बॉडी लैंग्वेज का काम करते हैं. भावनाओं को त्वरित रूप से व्यक्त करने का सबसे अच्छा और सरल तरीका वर्तमान में यही है.

 

 

फेस विथ टियर्स ऑफ जॉय इमोजी

ब्लोइंग अ किस इमोजी


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17 जुलाई 2018

इमोजी के साथ दिल की बातें


सोशल मीडिया के इस दौर में उसके सभी मंचों पर इमोजी (Emoji) का प्रयोग बातचीत में खूब हो रहा है. कोई बातचीत बिना इमोजी के पूरी नहीं होती है. इमोजी इलेक्ट्रॉनिक चित्रों का समूह है जो चेहरे के हाव-भाव को प्रदर्शित करता है. इसके साथ-साथ यह भावनाओं, वस्तुओं, प्रतीकों के रूप में भी उपयोग में लाया जाने लगा है. इमोजी का आरम्भ जापान से हुआ था. सन 1999 में जापान के डिजायनर शिगेताका कुरिया ने इमोजी का निर्माण किया. वे एक सेलफोन कंपनी में काम किया करते थे. इसी कंपनी के मोबाइल में इस्तेमाल के लिए उन्होंने इमोजी का अविष्कार किया. इमोजी को वैश्विक बाजार में ले जाने का श्रेय एप्पल कंपनी को जाता है. एप्पल ने सन 2007 में अपने i-phone में दो तरह के कीबोर्ड बनाये, जिसमें एक को इमोजी कीबोर्ड के नाम से जाना गया. इसके बाद धीरे-धीरे समूची दुनिया में इमोजी प्रसिद्द होने लगा. सन 2013 में एंड्राइड मोबाइल ने भी इमोजी को अपना लिया.


समय गुजरता रहा, इमोजी लोगों की बातचीत में शामिल होता रहा. उसको मिलती लगातार प्रसिद्धि के चलते इमोजिपेडिया नामक वेबसाइट का उदय हुआ. इसमें सभी तरह की इमोजी मिल जाती हैं. कालांतर में सन 2014 में इमोजिपेडिया के संस्थापक जेरेमी बर्ज ने विश्व इमोजी दिवस की शुरुआत की. तभी से प्रतिवर्ष 17 जुलाई को विश्व इमोजी दिवस का आरम्भ हो गया. इस दिन को विश्व इमोजी दिवस के रूप में मनाये जाने का कारण यह है कि इसी दिन एप्पल कंपनी ने अपने i-phone में इमोजी कैलेण्डर लांच किया था. सन 2013 में इमोजी (Emoji) शब्द को ऑक्सफ़ोर्ड इंग्लिश डिक्शनरी में शामिल किया गया. यहाँ एक जानकारी और देते चलें कि इमोजी (Emoji) का अर्थ किसी भी रूप में Emotion से नहीं है. असल में यह एक जापानी शब्द है जो e और moji से मिलकर बनाया गया है. जापानी में e का अर्थ Picture से और moji का अर्थ Character से लगाया जाता है. इमोजी के इस्तेमाल को लेकर माना जाता है कि दुनिया भर में प्रतिदिन 600 करोड़ इमोजी का उपयोग सोशल मीडिया के विभिन्न मंचों पर किया जाता है.


दो हजार से अधिक इमोजी में से सर्वाधिक उपयोग में लाया जाने वाला इमोजी हँसते चेहरे वाली आँखों में आँसू वाला है. इस इमोजी को ख़ुशी में निकलने वाले आँसुओं के रूप में लिया गया है जबकि बहुत से लोग इसे दुःख में निकलने वाले आँसुओं के रूप में लेते हैं. यह सर्वाधिक लोकप्रिय इमोजी में से एक है. इसके बाद जो इमोजी सर्वाधिक प्रयोग में लाया जाता है वह है दिल वाली आँखों के साथ मुस्कुराता हुआ चेहरा. इस इमोजी का प्रयोग प्रेम की अभिव्यक्ति के रूप में किया जाता है. इन दो के अलावा मुस्कुराता चेहरे और गुलाबी गाल, गहरे विचारों वाला, चुम्बन को उड़ाता हुआ चेहरे वाले इमोजी भी खूब पसंद किये गए. 

सबसे ज्यादा उपयोग होने वाला इमोजी - Face with Tears of Joy

उपयोग के मामले में दूसरे नंबर वाला इमोजी - Smiling Face with Heart-Eyes

इमोजी अब एक नई भाषा के रूप में जन्म ले चुकी है और लगातार वृद्धि भी कर रही है. बातचीत को सहज और आसान बना रही है किन्तु इसी इमोजी का गलत उपयोग नुकसानदेह भी साबित हो सकता है. एक खबर के अनुसार फ़्रांस में एक युवा को तीन माह की कैद की सजा सुनाई गई थी. उसने अपनी गर्लफ्रेंड को पिस्तौल वाली इमोजी भेज दी. जिसके चलते अदालत ने माना कि उस लड़के ने अपनी गर्लफ्रेंड को जान से मारने की धमकी दी है. ऐसी कोई खबर अभी अपने देश में नहीं आई है फिर भी इमोजी का सहज, सरल, सुरक्षित, अर्थपरक इस्तेमाल करते हुए सोशल मीडिया का आनंद लीजिये.